वीरेन्द्र प्रभाकर
Posted in मेरे विचार on Jun 25th, 2007 No Comments »
पदमश्री
वीरेन्द्र प्रभाकर
दून स्कूल की शान तथा
महान कला साधक
सुधीर खास्तगीर द्वारा दीक्षित एक
महान इन्सान ही नहीं अपितु
चित्रकार
मूर्तिकार
कलाकार
साहित्य साधक और
सरस्वती के अराधक है।
चेहरे पर मुस्कान
विनम्रता की खान
उपलब्धियों के कीर्तिमान
चित्रकला संगम की पहचान तथा
फोटोग्राफी दुनिया के
चलते फिरते धाम को
शत शत प्रणाम॥